आज कहानी एक ऐसे कलाकार के बारे में बताने वाला हूं जिसके आने से पर्दे पर डर का माहौल पैदा हो जाता था जी हां बॉलीवुड के खलनायक सदाशिव अमरापुर करके गांव के बारे में आज हम जिक्र करने वाले हैं कैसे उन्होंने बॉलीवुड की तरफ रुख किया और अपना नाम कमाया अभिनेता सदाशिव अमरापुरकर का गांव अमरापुर अहमदनगर महाराष्ट्र में उनका 1950 में जन्म हुआ था उन्होंने अपनी पुणे विश्वविद्यालय से पढ़ाई पूरी की सदाशिव को बचपन से ही अभिनय का शौक था फिल्मों में आने से पहले को मराठी नाटकों में अभिनय किया करते थे कौन है भूल सकता है वह सड़क फिल्म वाला किन्नर का किरदार देख कर सिनेमा जगत में हड़कंप मच गया था उन्होंने कुली नंबर नाचे नागिन गली गली, जंग, इश्क, दूधका कर्ज़, दुश्मन अनेकों फिल्मों में काम किया जैसा किरदार में दिखते थे वैसा असल जिंदगी में नहीं थे जब मैं उनके गांव पहुंचा तब गांव के लोगों ने बताया वह एक मिलनसार व्यक्ति थे और वह फिल्मों से दूर होकर अपने गांव में रहना चाहते थे लेकिन कुदरत को कुछ और ही मंजूर था 2014 में उनका देहवासन हो गया एक ऐसे कलाकार को हम लोगों ने को दिया जिसके दम पर बॉलीवुड में आज भी दबदबा चलता है
